उत्तर प्रदेश में 1,820 कोटे की दुकानें समूह को दी जा चुकी हैं और दीदीयों के पास जो कोटा है उसकी एक भी शिकायत पूरे प्रदेश में नहीं मिलती है।
उत्तर प्रदेश में 1,820 कोटे की दुकानें समूह को दी जा चुकी हैं और दीदीयों के पास जो कोटा है उसकी एक भी शिकायत पूरे प्रदेश में नहीं मिलती है।

